छत्तीसगढ़ में बाढ़ नियंत्रण और जल प्रबंधन पर जोर: सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने उठाई प्रभावी आवाज

नई दिल्ली/रायपुर: छत्तीसगढ़ के बाढ़ नियंत्रण और जल प्रबंधन को लेकर रायपुर के सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने लोकसभा में महत्वपूर्ण मुद्दा उठाया। उन्होंने जल शक्ति मंत्री से राज्य की बाढ़ नियंत्रण और जल प्रबंधन परियोजनाओं की प्रगति का विवरण मांगा। इस पर जल शक्ति राज्य मंत्री राज भूषण चौधरी ने जानकारी दी कि प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (पीएमकेएसवाई-एआईबीपी) के तहत राज्य की तीन परियोजनाएं शामिल की गई हैं।

तीन प्रमुख परियोजनाएं:

  1. मनियारी टैंक परियोजना: इस परियोजना के एआईबीपी घटक का कार्य पूरा हो चुका है।
  2. खारुंग परियोजना: इस परियोजना का एआईबीपी घटक भी पूर्ण हो चुका है।
  3. केली परियोजना: यह परियोजना अभी प्रगति पर है।
  • वर्ष 2016-17 से 2023-24 के दौरान छत्तीसगढ़ को पीएमकेएसवाई-एआईबीपी के तहत 49.62 करोड़ रुपये प्रदान किए गए।
  • केली सिंचाई परियोजना को 40.633 करोड़ रुपये, मनियारी टैंक को 43.57 करोड़ रुपये, और खारुंग परियोजना को 10.47 करोड़ रुपये प्रदान किए गए।
  • कमान क्षेत्र विकास-जल प्रबंधन (सीएडीडब्ल्यूएम) घटक के तहत तीनों परियोजनाओं के लिए 28.58 करोड़ रुपये का अनुदान मिला।

सांसद अग्रवाल ने जल प्रबंधन और बाढ़ नियंत्रण को किसानों और नागरिकों के लिए अत्यंत आवश्यक बताते हुए केंद्र सरकार के सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने इन परियोजनाओं को समयबद्ध रूप से पूरा करने और राज्य के अन्य प्रभावित क्षेत्रों में नई योजनाओं को शामिल करने की आवश्यकता पर बल दिया।

सांसद ने कहा कि जल प्रबंधन और बाढ़ नियंत्रण छत्तीसगढ़ के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकारों से मिलकर काम करने की अपील की ताकि राज्य के किसानों और नागरिकों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।