रायपुर, (छत्तीसगढ़)। वन प्राणी हाथी दांत तथा पेंगोलिन शल्क की तस्करी के मामले का खुलासा वन विभाग द्वारा किया गया है। इन दो अलग-अलग मामलों के चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। आरोपियों के कब्जे से भारी मात्रा में पेंगोलिन शल्क तथा दो हाथी दांत बरामद किए गए है।
वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री मोहम्मद अकबर के निर्देशन में विभाग द्वारा वन अपराधों की रोकथाम के लिए अभियान लगातार जारी है। इस तारतम्य में विगत दिवस 17 सितम्बर को वन परिक्षेत्र मनेन्द्रगढ़ के अंतर्गत वन अपराध के दो अलग-अलग प्रकरणों में 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। इनमें वन्य प्राणी हाथी दांत तथा पेंगोलिन शल्क की तस्करी से संबंधित मामले हैं।
कार्रवाई प्रधान मुख्य वन संरक्षक व्ही. श्रीनिवास राव तथा प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्य प्राणी) सुधीर अग्रवाल के मार्गदर्शन में गठित वन विभाग की टीम द्वारा तत्परता पूर्वक की गई।

वनमण्डलाधिकारी मनेन्द्रगढ़ एल.एन. पटेल से प्राप्त जानकारी के अनुसार वन परिक्षेत्र मनेन्द्रगढ़ अंतर्गत कठौतिया-घुटरा रोड़ रेल्वे फाटक के समीप वन प्राणियों के अंगों की तस्करी किए जाने की सूचना मिली थी। वन विभाग की टीम ने मौके की घेराबंदी की। मौके से राजकुमार यादव (35 वर्ष) तथा दुबराज सिंह गोंड़ (36 वर्ष) दोनों निवासी भेलवाडांड़पारा, सोनहत जिला-कोरिया को हिरासत में लिया गया। इनके कब्जे से मोटर साइकल में 1.400 किलोग्राम वजन के 02 नग हाथी दांत बरामद किए गए।
वहीं छतरंग के पास जंगल में टाटा सूमो गोल्ड वाहन की तलाशी के दौरान पेंगोलिन शल्क बरामद किए गए। इस मामले में सूरजपुर के मोहरसोप, चांदनी बिरहापुर निवासी बृजनंदन जायसवाल (45 वर्ष) एवं राधेलाल अगरिया (40 वर्ष) को गिरफ्तार किया गया। इन आरोपियों के पास से 1. 040 किलोग्राम वजन के पेंगोलिन शल्क बरामद कर चारों आरोपियों के खिलाफ वन्यप्राणी संरक्षण अधिनियम के तहत कार्रवाई कर जेल भेज दिया गया है।
