Ek Ped Maa Ke Naam 3.0 अभियान का शुभारंभ शुक्रवार को छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले के लोरमी विकासखंड अंतर्गत ग्राम बैगाकापा में किया गया। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने कल्पवृक्ष का पौधा लगाकर पर्यावरण संरक्षण और संवर्धन का संदेश दिया। उन्होंने अभियान के तहत ‘वृक्ष मित्र वाहन’ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया, जो गांवों और शहरों में पौधों का वितरण कर लोगों को अधिक से अधिक पौधरोपण के लिए प्रेरित करेगा।
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Ek Ped Maa Ke Naam 3.0: पौधरोपण से दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकारी जिम्मेदारी नहीं, बल्कि हर नागरिक का दायित्व है। उन्होंने कल्पवृक्ष का पौधा लगाकर लोगों से अधिक से अधिक पेड़ लगाने और उनकी देखभाल करने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण को जनभागीदारी के माध्यम से जनआंदोलन बनाना है, ताकि आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण मिल सके।
वृक्ष मित्र वाहन गांव-गांव पहुंचाएगा पौधे
Ek Ped Maa Ke Naam 3.0 अभियान के तहत शुरू किए गए ‘वृक्ष मित्र वाहन’ के माध्यम से गांवों और शहरों में लोगों को निःशुल्क पौधे उपलब्ध कराए जाएंगे।
इस वाहन से नीबू, मुनगा, बिही और जामुन सहित विभिन्न उपयोगी एवं फलदार पौधों का वितरण किया जाएगा। इसका उद्देश्य लोगों को पौधरोपण के प्रति जागरूक करना और हर परिवार को पर्यावरण संरक्षण से जोड़ना है।
Ek Ped Maa Ke Naam 3.0: जलवायु परिवर्तन से निपटने का संदेश
उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि जलवायु परिवर्तन आज पूरी दुनिया के सामने एक गंभीर चुनौती बन चुका है। इससे प्रभावी ढंग से निपटने के लिए केवल वृक्षारोपण ही नहीं, बल्कि वर्षा जल का संरक्षण भी अत्यंत आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि पेड़, पानी और पर्यावरण एक-दूसरे के पूरक हैं। यदि प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण नहीं किया गया तो भविष्य में जल संकट और पर्यावरणीय समस्याएं और गंभीर हो सकती हैं।
वर्षा जल संरक्षण पर भी दिया जोर
अरुण साव ने लोगों से अपील की कि वे वर्षा जल संरक्षण को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं। उन्होंने कहा कि वर्षा जल का सही उपयोग और अधिक पौधरोपण ग्रीष्मकाल में जल संकट को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
उन्होंने नागरिकों से अपने घरों, खेतों, विद्यालयों और सार्वजनिक स्थानों पर अधिक से अधिक पौधे लगाने का आह्वान किया।
जनप्रतिनिधियों, विद्यार्थियों और ग्रामीणों ने लिया संकल्प
कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, शिक्षकों, विद्यार्थियों और बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया।
इस अवसर पर परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित भी किया गया, जिससे पर्यावरण संरक्षण के साथ शिक्षा को भी प्रोत्साहन मिला।
कई वरिष्ठ अधिकारी और जनप्रतिनिधि रहे मौजूद
कार्यक्रम में कलेक्टर कुन्दन कुमार, वनमंडलाधिकारी अभिनव कुमार, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीकांत पाण्डेय, जिला पंचायत के सीईओ गोकुल रावटे, स्थानीय जनप्रतिनिधि, वन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी, ग्रामीण और बड़ी संख्या में स्कूली बच्चे उपस्थित रहे।
सभी ने पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।
पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन बनाने की पहल
Ek Ped Maa Ke Naam 3.0 अभियान का उद्देश्य केवल पौधे लगाना नहीं, बल्कि उनकी देखभाल सुनिश्चित करना और पर्यावरण संरक्षण को समाज की सामूहिक जिम्मेदारी बनाना है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि ऐसे अभियानों में जनभागीदारी लगातार बढ़ती रही तो हरित क्षेत्र का विस्तार होगा, जैव विविधता मजबूत होगी और जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को कम करने में मदद मिलेगी।
Ek Ped Maa Ke Naam 3.0 पर्यावरण संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ने की एक महत्वपूर्ण पहल है। लोरमी से शुरू हुए इस अभियान के माध्यम से पौधरोपण, वर्षा जल संरक्षण और पर्यावरण जागरूकता को नई गति मिलेगी। उपमुख्यमंत्री अरुण साव द्वारा दिया गया संदेश स्पष्ट करता है कि प्रकृति की रक्षा के लिए प्रत्येक नागरिक की भागीदारी आवश्यक है। यदि समाज मिलकर इस अभियान को आगे बढ़ाता है तो Ek Ped Maa Ke Naam 3.0 हरित और स्वच्छ छत्तीसगढ़ के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
