छत्तीसगढ़ के कई जिलों में तापमान 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है। ऐसे में स्कूल जाने वाले छोटे बच्चों के लिए स्थिति बेहद चुनौतीपूर्ण हो गई है।
Congress Chhattisgarh का कहना है कि इस भीषण गर्मी में बच्चों का स्वास्थ्य प्रभावित हो सकता है, खासकर उन स्कूलों में जहां पर्याप्त सुविधाएं नहीं हैं।
गांव और शहर दोनों क्षेत्रों में बिजली कटौती और गर्मी का असर साफ देखा जा रहा है।
यह भी पढ़ें: Nari Shakti 33% आरक्षण पर 7 बड़े संदेश
📢 हमारे WhatsApp चैनल से जुड़ें और पाएं छत्तीसगढ़ की ताज़ा खबरें सबसे पहले: 👉 https://whatsapp.com/channel/0029VaOjosfFHWq7ssCngl1j
Congress Chhattisgarh का ज्ञापन और मांगें
Ayub Khan, जो प्रदेश कांग्रेस के सचिव हैं, ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपते हुए मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai और शिक्षा मंत्री Gajendra Yadav तक यह मांग पहुंचाने की अपील की।
ज्ञापन में कहा गया कि सभी शासकीय और निजी स्कूलों में या तो छुट्टी घोषित की जाए या स्कूल का समय बदला जाए।
यह कदम Congress Chhattisgarh के अनुसार बच्चों के हित में बेहद जरूरी है।

स्कूल टाइमिंग बदलने का प्रस्ताव
Congress Chhattisgarh ने प्रस्ताव दिया है कि स्कूल सुबह 7:30 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक ही संचालित किए जाएं।
इसके अलावा, सुबह 8 बजे के बाद किसी भी तरह की आउटडोर गतिविधि पर रोक लगाने की मांग की गई है।
यह सुझाव खासकर उन स्कूलों के लिए महत्वपूर्ण है जहां भवन बहुमंजिला हैं और गर्मी अधिक महसूस होती है।
स्वास्थ्य और शिक्षा पर असर
विशेषज्ञों का मानना है कि अत्यधिक गर्मी बच्चों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य दोनों को प्रभावित कर सकती है।
Congress Chhattisgarh ने यह भी कहा कि कई स्कूलों से शिकायतें मिल रही हैं कि बच्चे गर्मी के कारण बीमार पड़ रहे हैं।
ऐसे में समय पर कदम उठाना बेहद जरूरी है ताकि बच्चों की पढ़ाई और स्वास्थ्य दोनों सुरक्षित रह सकें।
प्रशासन और सरकार की भूमिका
अब सभी की नजर राज्य सरकार पर है कि वह इस मांग पर क्या निर्णय लेती है।
Congress Chhattisgarh का कहना है कि यदि समय रहते कदम नहीं उठाए गए, तो स्थिति और गंभीर हो सकती है।
जनदर्शन कार्यक्रम में कई कांग्रेस नेता मौजूद रहे, जिन्होंने इस मुद्दे को गंभीरता से उठाया।
Congress Chhattisgarh का बड़ा संदेश
कुल मिलाकर, Congress Chhattisgarh द्वारा उठाया गया यह मुद्दा बच्चों की सुरक्षा से जुड़ा है और इसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
बढ़ती गर्मी को देखते हुए स्कूलों के समय में बदलाव या छुट्टी देना एक जरूरी कदम हो सकता है। अब देखना होगा कि सरकार इस पर क्या फैसला लेती है।
