Balod Murder Case ने छत्तीसगढ़ के बलोद जिले को झकझोर दिया है। देवरी थाना क्षेत्र के ग्राम खैरा में पुरानी रंजिश के चलते एक 30 वर्षीय युवक की लोहे की पाइप से बेरहमी से पिटाई कर हत्या कर दी गई। आरोप है कि पिता और बेटे ने पहले युवक की बाइक को टक्कर मारकर गिराया, फिर उसके हाथ-पैर पर लगातार हमला किया। गंभीर रूप से घायल युवक ने करीब 18 घंटे तक जिंदगी के लिए संघर्ष किया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
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Balod Murder Case: सालों पुरानी रंजिश बनी हत्या की वजह
पुलिस के अनुसार मृतक हितेश सिन्हा (30) और गांव के ही हीरामन सिन्हा (51) के बीच वर्ष 2022 से विवाद चल रहा था। दोनों परिवारों के बीच कई बार झगड़े हुए थे और एक-दूसरे के खिलाफ पुलिस थाने में शिकायतें तथा एफआईआर भी दर्ज कराई गई थीं।
इसी पुराने विवाद ने 28 जुलाई की शाम हिंसक रूप ले लिया। आरोप है कि हीरामन सिन्हा और उसका बेटा कामेंद्र सिन्हा (26) ने मिलकर हितेश पर जानलेवा हमला कर दिया।
तालाब के पास पहले बाइक को मारी टक्कर
घटना के प्रत्यक्षदर्शी और शिकायतकर्ता गौरव सिन्हा ने बताया कि उसकी बाइक खराब होने के कारण उसने हितेश से बाइक मांगी थी। 28 जुलाई की शाम हितेश, गौरव और प्रकाश निषाद एक ही बाइक से अर्जुन्दा जा रहे थे।
शाम करीब 6 बजे जब तीनों ग्राम खैरा के तालाब के पास पहुंचे, तभी सामने से आरोपी पिता-पुत्र बाइक पर पहुंचे। आरोप है कि उन्होंने जानबूझकर उनकी बाइक को सामने से टक्कर मार दी, जिससे तीनों सड़क पर गिर गए।
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Balod Murder Case में लोहे की पाइप से किया हमला
बाइक गिरने के बाद आरोपियों ने लोहे की पाइप से हमला शुरू कर दिया। पहले पैरों पर वार किए गए और फिर हितेश को घेरकर लगातार पीटा गया।
गौरव सिन्हा के मुताबिक दोनों आरोपी करीब 20 मिनट तक हितेश के हाथ-पैर और शरीर पर लगातार वार करते रहे। हमले में उसके हाथ-पैर बुरी तरह टूट गए और शरीर पर गंभीर चोटें आईं। शुरुआती जांच में मृतक के शरीर में 20 से अधिक फ्रैक्चर मिलने की जानकारी सामने आई है।
मदद की गुहार लगाता रहा रिश्तेदार
गौरव ने बताया कि उसने आसपास मौजूद लोगों से मदद मांगी, लेकिन कोई आगे नहीं आया। जब उसने बीच-बचाव करने की कोशिश की तो आरोपियों ने उस पर भी हमला कर दिया, जिससे उसके पैर में चोट आई।
घटना के बाद डायल-112 को सूचना दी गई। पुलिस मौके पर पहुंची और घायल हितेश को पहले देवरी अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए रायपुर रेफर किया गया।
इलाज के दौरान 18 घंटे बाद हुई मौत
रायपुर में इलाज के दौरान हितेश की हालत लगातार बिगड़ती गई। करीब 18 घंटे बाद 29 जुलाई को उसकी मौत हो गई। इसके बाद परिजनों ने गांव के मुक्तिधाम में अंतिम संस्कार किया।
मामले में पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
Balod Murder Case: मूंछ पर ताव और गला काटने के इशारे का दावा
पुलिस पूछताछ में आरोपी हीरामन सिन्हा ने दावा किया कि घटना वाले दिन दोपहर में उसने हितेश को गांव में देखा था। उसके अनुसार, हितेश ने मूंछ पर ताव दिया और गले पर हाथ फेरकर गला काटने का इशारा किया।
आरोपी ने यह भी आरोप लगाया कि मृतक उनके खेत में निंदानाशक दवा डालकर फसल को नुकसान पहुंचाता था। हालांकि, इन दावों की जांच पुलिस कर रही है। पुलिस का कहना है कि हत्या के मामले में सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।
पुलिस की कार्रवाई
देवरी थाना पुलिस ने घटना के बाद त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी हीरामन सिन्हा और उसके बेटे कामेंद्र सिन्हा को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त लोहे की पाइप भी जब्त कर ली है। मामले की विवेचना जारी है और पुलिस प्रत्यक्षदर्शियों के बयान तथा अन्य साक्ष्य जुटा रही है।
Balod Murder Case एक बार फिर यह दिखाता है कि पुरानी रंजिश और गुस्से में उठाया गया हिंसक कदम किसी की जान ले सकता है। बलोद जिले के इस मामले में पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। जांच पूरी होने के बाद ही घटना से जुड़े सभी तथ्यों और परिस्थितियों की स्पष्ट तस्वीर सामने आएगी।
