Ganja Smuggling के खिलाफ छत्तीसगढ़ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए गरियाबंद जिले में करीब 400 किलो गांजा जब्त किया है। पुलिस के अनुसार जब्त गांजे की अनुमानित कीमत करीब 2 करोड़ रुपये है। मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और एक अंतरराज्यीय तस्करी नेटवर्क का खुलासा हुआ है।
पुलिस के मुताबिक यह नेटवर्क ओडिशा से महाराष्ट्र तक गांजे की खेप पहुंचाने का काम कर रहा था। कार्रवाई देवभोग पुलिस टीम ने अंतरराज्यीय चेक पोस्ट पर की, जहां एक ट्रक को रोककर उसकी तलाशी ली गई।
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Ganja Smuggling पर चेक पोस्ट में बड़ी कार्रवाई
देवभोग पुलिस ने 24 अगस्त की मध्यरात्रि को राष्ट्रीय राजमार्ग NH-130C स्थित खुटगांव चेक पोस्ट पर संदिग्ध ट्रक को रोका। ट्रक ओडिशा की ओर से आ रहा था और पुलिस ने नियमित जांच के दौरान उसे रोककर तलाशी शुरू की।
जांच के दौरान ट्रक की छत पर काले तिरपाल के नीचे पैकेट छिपे मिले। संदेह होने पर पुलिस ने पैकेटों की जांच की तो उनमें गांजा बरामद हुआ।
पुलिस ने कुल 400 किलोग्राम गांजा जब्त किया, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 2 करोड़ रुपये बताई गई है।
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ट्रक में छिपाकर ले जाया जा रहा था गांजा
पुलिस के अनुसार गांजे को ट्रक की छत पर तिरपाल के नीचे इस तरह छिपाया गया था कि सामान्य जांच में आसानी से दिखाई न दे। कार्रवाई के बाद ट्रक चालक और उसके साथ मौजूद एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया।
दोनों आरोपी महाराष्ट्र के रहने वाले बताए गए हैं। पूछताछ में पुलिस को कथित तौर पर तस्करी के नेटवर्क और खेप को आगे ले जाने की व्यवस्था से संबंधित अहम जानकारी मिली।
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आगे चल रहे थे बाइक सवार ‘पायलट’
पुलिस के अनुसार पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि ट्रक से आगे दो मोटरसाइकिल सवार युवक चल रहे थे। ये दोनों कथित तौर पर ‘पायलट’ की भूमिका में थे।
उनका काम रास्ते में पुलिस की चेकिंग और सुरक्षा बलों की गतिविधियों की जानकारी ट्रक में मौजूद लोगों तक पहुंचाना बताया गया। इस जानकारी के आधार पर पुलिस ने दोनों मोटरसाइकिल सवारों की तलाश शुरू की।
इसके बाद पुलिस ने दोनों कथित पायलटों को भी पकड़ लिया। इनमें एक महाराष्ट्र और दूसरा ओडिशा का निवासी बताया गया है।
Ganja Smuggling नेटवर्क के सप्लायर तक पहुंची पुलिस
पूछताछ के दौरान पुलिस को कथित सप्लायर के बारे में भी जानकारी मिली। इसके बाद पुलिस टीम ने ओडिशा निवासी एक अन्य व्यक्ति के गांव में पहुंचकर उसे गिरफ्तार किया।
पुलिस ने उसके पास से 5 लाख रुपये नकद बरामद किए। पुलिस का दावा है कि यह रकम कथित तौर पर गांजे की बिक्री से जुड़ी हुई थी।
इस कार्रवाई के बाद पुलिस ने नेटवर्क में कथित तौर पर शामिल सप्लायर, ट्रांसपोर्टर और रास्ते की निगरानी करने वाले लोगों के बीच संबंधों की जांच शुरू कर दी है।
2 करोड़ के गांजे के साथ ये सामान जब्त
गरियाबंद पुलिस की कार्रवाई में गांजे के अलावा कई अन्य सामान भी जब्त किए गए हैं। पुलिस के अनुसार जब्ती में शामिल हैं:
- 400 किलो गांजा — अनुमानित कीमत करीब 2 करोड़ रुपये
- एक ट्रक — अनुमानित कीमत करीब 20 लाख रुपये
- एक मोटरसाइकिल
- तीन मोबाइल फोन
- 6.5 लाख रुपये नकद
पुलिस का कहना है कि इस कार्रवाई से ओडिशा से महाराष्ट्र तक सक्रिय बताए जा रहे अंतरराज्यीय सप्लाई नेटवर्क को बड़ा झटका लगा है।
NDPS Act के तहत मामला दर्ज
पुलिस ने गिरफ्तार किए गए सभी पांच आरोपियों के खिलाफ नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रॉपिक सब्सटांसेज एक्ट (NDPS Act) के तहत मामला दर्ज किया है। सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया।
अब पुलिस नेटवर्क से जुड़े अन्य संभावित लोगों, गांजे की सप्लाई के स्रोत और खेप की अंतिम मंजिल के संबंध में आगे जांच कर रही है।
अंतरराज्यीय नेटवर्क पर पुलिस की नजर
पुलिस के अनुसार यह मामला केवल एक ट्रक से गांजा बरामद होने तक सीमित नहीं है। शुरुआती जांच में सप्लायर, ट्रांसपोर्टर और कथित पायलटों के बीच समन्वय सामने आया है।
ऐसे नेटवर्क में अलग-अलग राज्यों के लोगों की भूमिका होने के कारण पुलिस आगे की जांच में पूरे सप्लाई चैन की जानकारी जुटा सकती है।
Ganja Smuggling के खिलाफ गरियाबंद में हुई यह कार्रवाई अंतरराज्यीय नशीले पदार्थों की तस्करी पर पुलिस की बड़ी सफलता मानी जा रही है। 400 किलो गांजा, ट्रक, मोटरसाइकिल, मोबाइल फोन और नकदी की जब्ती के साथ पांच आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और गांजे की सप्लाई की पूरी श्रृंखला की जांच कर रही है। मामले में आगे की कार्रवाई जांच और न्यायिक प्रक्रिया के आधार पर होगी।
