Skip to main content

4thnation

Gold Rate 17 December 2025: सोने की कीमतों में फिर उछाल, ग्लोबल मजबूती और कमजोर रुपये ने बढ़ाई चमक

Gold Rate 17 December 2025:
सोने की चमक एक बार फिर तेज होती नजर आ रही है। बुधवार, 17 दिसंबर 2025 की सुबह ग्लोबल मार्केट में सोने की कीमतों में मजबूती देखने को मिली, जिसका असर सीधे भारतीय बाजार पर पड़ा है। निवेशकों के लिए यह संकेत है कि अनिश्चित वैश्विक हालात में सोना एक बार फिर सुरक्षित निवेश विकल्प बनता जा रहा है।


🌍 ग्लोबल मार्केट में सोने का हाल

अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड की कीमत 4,315 डॉलर प्रति औंस के स्तर को पार कर गई।

  • एक दिन में 0.24% की बढ़त
  • बीते एक हफ्ते में 2.53% की तेजी

यह उछाल दर्शाता है कि वैश्विक निवेशक जोखिम से बचने के लिए सोने की ओर लौट रहे हैं।


🇮🇳 घरेलू बाजार में सोने के भाव

भारतीय वायदा बाजार MCX (मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज) पर भी सोने की कीमतें ऊंचे स्तर पर बनी हुई हैं।

  • मंगलवार को 24 कैरेट सोना
  • ₹1,34,405 प्रति 10 ग्राम पर बंद
  • 0.21% की बढ़त

गौरतलब है कि 15 दिसंबर 2025 को सोने ने ₹1,35,496 प्रति 10 ग्राम का अब तक का ऑल-टाइम हाई बनाया था। अब निवेशकों की निगाह इस बात पर टिकी है कि क्या सोना इस रिकॉर्ड को फिर तोड़ पाएगा।


💱 रुपये की कमजोरी ने दिया सहारा

सोने की कीमतों में तेजी के पीछे भारतीय रुपये की कमजोरी एक बड़ी वजह बनकर सामने आई है।

  • डॉलर के मुकाबले रुपया 90.924 के स्तर पर
  • RBI की ओर से सीमित हस्तक्षेप
  • भारत-अमेरिका ट्रेड डील में देरी
  • FII आउटफ्लो से बढ़ा दबाव

जब रुपया कमजोर होता है, तो सोने का आयात महंगा पड़ता है, जिसका सीधा असर घरेलू कीमतों पर पड़ता है।


🗣️ एक्सपर्ट की राय

आशिका स्टॉक सर्विसेज के राहुल गुप्ता के अनुसार,

“शुरुआती कारोबार में मुनाफावसूली से उतार-चढ़ाव देखा गया। ग्लोबल मार्केट में Comex Gold 4,275 डॉलर तक फिसला, लेकिन कमजोर रुपये ने भारतीय बाजार में सोने को सहारा दिया।”

उनका मानना है कि आने वाले दिनों में सोना
👉 ₹1,31,000 से ₹1,35,000 प्रति 10 ग्राम के दायरे में कारोबार कर सकता है।


📊 आर्थिक आंकड़ों पर बाजार की नजर

अब बाजार की निगाहें अमेरिका से आने वाले आर्थिक आंकड़ों पर टिकी हैं—

  • नॉन-फार्म पेरोल डेटा
  • महंगाई (Inflation) आंकड़े

यदि ये आंकड़े कमजोर रहते हैं, तो फेडरल रिजर्व ब्याज दरों में कटौती कर सकता है। ब्याज दरें घटने पर सोने जैसी सेफ-हेवन एसेट में निवेश बढ़ता है, जिससे कीमतों को और मजबूती मिल सकती है।

ऑगमोंट बुलियन रिपोर्ट के मुताबिक, निवेशक फिलहाल सतर्क हैं और आगे की दिशा के लिए इन आंकड़ों का इंतजार कर रहे हैं।