Fuel Price Hike ने छत्तीसगढ़ में आम लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। पिछले 11 दिनों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में करीब 7 रुपए प्रति लीटर तक बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
राज्य के अधिकांश जिलों में पेट्रोल की कीमत 109 रुपए प्रति लीटर तक पहुंच चुकी है। लगातार बढ़ती कीमतों का असर अब सीधे लोगों के घरेलू बजट पर दिखाई देने लगा है।
Fuel Price Hike का असर क्यों बढ़ रहा है?
विशेषज्ञों के अनुसार डॉलर के मुकाबले कमजोर होता रुपया और अंतरराष्ट्रीय तनाव इसकी मुख्य वजह माने जा रहे हैं।
कच्चे तेल की कीमतों में बढ़ोतरी का सीधा असर भारतीय बाजार पर पड़ रहा है। इसके चलते पेट्रोल और डीजल लगातार महंगे होते जा रहे हैं।
Chhattisgarh में बढ़ती कीमतों ने ट्रांसपोर्ट से लेकर घरेलू खर्च तक हर क्षेत्र को प्रभावित किया है।
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ट्रांसपोर्ट महंगा, राशन और सब्जियां भी होंगी महंगी
डीजल की कीमत बढ़ते ही ट्रांसपोर्टरों ने माल भाड़ा बढ़ा दिया है। व्यापारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में खाने-पीने की चीजें 10 प्रतिशत तक महंगी हो सकती हैं।
कोलकाता से आने वाले माल का किराया 170 रुपए प्रति क्विंटल से बढ़कर 220-225 रुपए तक पहुंच गया है।
वहीं महाराष्ट्र से ढुलाई का खर्च 300 रुपए से बढ़कर 340 रुपए प्रति क्विंटल हो गया है।
Fuel Price Hike से बाजार में बढ़ी चिंता
व्यापारियों का कहना है कि ट्रांसपोर्ट लागत बढ़ने से राशन, फल, सब्जियां और रोजमर्रा के सामान की कीमतों में और उछाल आ सकता है।
इसका सबसे ज्यादा असर मध्यम वर्ग और निम्न आय वर्ग के परिवारों पर पड़ रहा है।

दूध और CNG के दाम भी बढ़े
Fuel Price Hike के बीच अब दूध और CNG की कीमतों में भी बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
Amul और Mother Dairy ने दूध की कीमतों में 2 रुपए प्रति लीटर तक इजाफा किया है।
कंपनियों का कहना है कि चारा, पैकेजिंग और ईंधन लागत बढ़ने के कारण कीमतें बढ़ानी पड़ीं।
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CNG महंगी, ऑटो और टैक्सी किराया बढ़ना तय
CNG की कीमत बढ़कर 79.09 रुपए प्रति किलो तक पहुंच गई है।
ऐसे में आने वाले दिनों में ऑटो और टैक्सी किराए में भी बढ़ोतरी तय मानी जा रही है। इससे रोजाना सफर करने वाले लोगों का खर्च और बढ़ेगा।
सोना-चांदी महंगे, शादी वाले परिवार परेशान
केंद्र सरकार की ओर से सोना और चांदी पर आयात शुल्क बढ़ाने के बाद ज्वेलरी बाजार में भी कीमतों में भारी उछाल देखा जा रहा है।
शादी वाले परिवारों के लिए यह बढ़ती महंगाई बड़ी चिंता बन गई है। गहनों के दाम बढ़ने से शादी का बजट बिगड़ने लगा है।
Fuel Price Hike से हर महीने 1000 रुपए तक बढ़ा खर्च
विशेषज्ञों के मुताबिक अगर कोई परिवार महीने में 30 लीटर पेट्रोल खर्च करता है, तो सिर्फ ईंधन पर ही लगभग 120 रुपए अतिरिक्त खर्च बढ़ चुका है।
रोजाना 2 लीटर दूध इस्तेमाल करने वाले परिवार को महीने में करीब 120 रुपए अतिरिक्त खर्च करना पड़ रहा है।
जब राशन, ट्रांसपोर्ट और अन्य जरूरी खर्चों को जोड़ा जाए, तो एक मध्यम वर्गीय परिवार पर हर महीने करीब 1000 रुपए तक का अतिरिक्त बोझ बढ़ गया है।
महिलाओं ने जताई चिंता
महिलाओं का कहना है कि लगातार बढ़ती महंगाई के बीच अब बचत करना मुश्किल होता जा रहा है।
घरेलू बजट संभालना पहले के मुकाबले ज्यादा चुनौतीपूर्ण हो गया है। खासतौर पर बच्चों की पढ़ाई, राशन और स्वास्थ्य खर्च पर असर पड़ रहा है।
विशेषज्ञों ने क्या कहा?
आर्थिक विशेषज्ञों का कहना है कि यदि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें इसी तरह बढ़ती रहीं, तो आने वाले दिनों में महंगाई और बढ़ सकती है।
उन्होंने सरकार से टैक्स में राहत देने और आवश्यक वस्तुओं की कीमतों पर नियंत्रण रखने की मांग की है।
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Fuel Price Hike ने छत्तीसगढ़ में आम आदमी की आर्थिक स्थिति पर सीधा असर डाला है। पेट्रोल-डीजल, दूध, राशन और ट्रांसपोर्ट सभी महंगे होने से घरेलू बजट बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।
यदि आने वाले दिनों में कीमतों पर नियंत्रण नहीं हुआ, तो महंगाई का दबाव और बढ़ सकता है। ऐसे में लोगों को अतिरिक्त सावधानी के साथ खर्च प्रबंधन करना होगा।
