Skip to main content

4thnation

सुपोषण और महिला सशक्तिकरण योजनाओं की यूनिसेफ इंडिया ने सराहना, मुख्यमंत्री साय से की मुलाकात

रायपुर, 09 सितंबर 2025।
छत्तीसगढ़ में चल रही स्वास्थ्य और पोषण संबंधी पहलों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता मिली है। मंत्रालय महानदी भवन में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय से यूनिसेफ इंडिया के प्रतिनिधिमंडल ने सौजन्य भेंट की। इस दौरान यूनिसेफ ने राज्य सरकार की सुपोषण अभियान, महतारी वंदन योजना और हमर स्वस्थ लइका कार्यक्रम जैसी पहल की जमकर प्रशंसा की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के विकसित भारत 2047 के संकल्प के अनुरूप छत्तीसगढ़ भी “अंजोर विजन 2047” के तहत एक विकसित और समावेशी राज्य बनाने की दिशा में काम कर रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस विजन के केंद्र में आदिवासी समुदाय, विशेषकर विशेष पिछड़ी जनजातियों (पीवीटीजी) का उत्थान, महिलाओं और किशोरियों का सशक्तिकरण तथा कुपोषण और शिशु मृत्यु दर में कमी लाना है।

यूनिसेफ इंडिया की फील्ड सर्विसेज प्रमुख सुश्री सोलेदाद हेरेरो ने कहा कि महतारी वंदन योजना महिलाओं को न केवल सम्मान दिला रही है, बल्कि परिवार और समाज में उनकी भूमिका को और मजबूत बना रही है। उन्होंने यह भी बताया कि हमर स्वस्थ लइका कार्यक्रम के सकारात्मक परिणाम अन्य राज्यों—मध्यप्रदेश, राजस्थान और ओडिशा—को भी प्रेरित कर रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने यूनिसेफ के तकनीकी सहयोग का स्वागत करते हुए कहा कि इससे स्वास्थ्य, शिक्षा और पोषण के सूचकांकों को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी। बैठक में मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह, सचिव श्री राहुल भगत, महिला एवं बाल विकास विभाग की सचिव श्रीमती शम्मी आबिदी, स्वास्थ्य सचिव श्री अमित कटारिया और यूनिसेफ छत्तीसगढ़ प्रमुख श्री विलियम हैनलॉन जूनियर सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

यह मुलाकात छत्तीसगढ़ के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है, क्योंकि यह न केवल राज्य सरकार की नीतियों को अंतरराष्ट्रीय समर्थन देती है, बल्कि आने वाले समय में यूनिसेफ के सहयोग से स्वास्थ्य और पोषण के क्षेत्र में नए आयाम भी जोड़ेगी।