Nava Raipur OTS Scheme 2026 को मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में मंजूरी मिल गई है। नवा रायपुर अटल नगर विकास प्राधिकरण (NRDA) द्वारा आबंटित भूखंडों और निर्मित परिसरों के आबंटितियों के लिए लाई गई यह वन टाइम सेटलमेंट (OTS) योजना ब्याज एवं अधिभार में राहत देने, लंबित मामलों का समाधान करने और रुकी हुई विकास परियोजनाओं को गति देने की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है।
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राज्य सरकार का मानना है कि Nava Raipur OTS Scheme 2026 से निवेशकों का भरोसा मजबूत होगा और नवा रायपुर में आर्थिक एवं शहरी विकास गतिविधियों को नई गति मिलेगी।
Nava Raipur OTS Scheme 2026: क्या है यह योजना?
वन टाइम सेटलमेंट (OTS) योजना का उद्देश्य एनआरडीए द्वारा आबंटित भूखंडों एवं निर्मित परिसरों से जुड़े लंबित मामलों का व्यावहारिक समाधान करना है।
इस योजना के तहत पात्र आबंटितियों को ब्याज और अधिभार में राहत दी जाएगी, जिससे वे अपनी लंबित देनदारियों का निपटारा कर सकेंगे और रुकी हुई परियोजनाओं को दोबारा शुरू कर पाएंगे।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि सरकार का हर निर्णय जनहित और विकास को गति देने की सोच से प्रेरित है तथा Nava Raipur OTS Scheme 2026 इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
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Nava Raipur OTS Scheme 2026 की प्रमुख विशेषताएं
1. ब्याज और अधिभार में बड़ी राहत
एनआरडीए के अनुसार इस योजना के तहत पात्र आबंटितियों को ब्याज एवं अधिभार में लगभग 61.96 करोड़ रुपये की राहत मिलने का अनुमान है।
हालांकि भूमि प्रीमियम में किसी प्रकार की छूट नहीं दी जाएगी और किसी भी भूखंड का सेटलमेंट वर्तमान रिजर्व प्रीमियम मूल्य से कम पर नहीं होगा। इससे प्राधिकरण को वित्तीय नुकसान भी नहीं होगा।
2. 31 मार्च 2027 तक रहेगा लागू
Nava Raipur OTS Scheme 2026 योजना लागू होने की तिथि से 31 मार्च 2027 तक प्रभावी रहेगी। इस अवधि में प्राप्त आवेदनों पर निर्धारित नियमों के अनुसार निर्णय लिया जाएगा।
3. भूमि समर्पण का भी मिलेगा विकल्प
जो आबंटी अपनी परियोजना को आगे बढ़ाने के इच्छुक नहीं हैं, उन्हें आवंटित भूमि वापस समर्पित कर अनुबंध से बाहर होने का विकल्प भी मिलेगा।
इससे अनावश्यक न्यायालयीन विवादों में कमी आएगी और भूमि का प्रभावी एवं शीघ्र उपयोग सुनिश्चित किया जा सकेगा।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और ओ.पी. चौधरी ने क्या कहा?
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि इस योजना से लंबित मामलों का समाधान होगा, निवेशकों का विश्वास मजबूत होगा और नवा रायपुर के नियोजित विकास को नई गति मिलेगी।
आवास एवं पर्यावरण मंत्री ओ.पी. चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार निवेशकों के लिए पारदर्शी, भरोसेमंद और विकासोन्मुख वातावरण तैयार करने के लिए लगातार नीतिगत फैसले ले रही है।
उन्होंने कहा कि Nava Raipur OTS Scheme 2026 से रुकी हुई परियोजनाएं आगे बढ़ेंगी, भूमि का बेहतर उपयोग होगा और आर्थिक गतिविधियों को नया प्रोत्साहन मिलेगा।
Nava Raipur OTS Scheme 2026 से निवेश और विकास को मिलेगा बढ़ावा
विशेषज्ञों के अनुसार इस योजना का सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि लंबे समय से अटकी विकास परियोजनाएं दोबारा शुरू हो सकेंगी।
मुकदमेबाजी कम होने से निवेश प्रक्रिया तेज होगी और नवा रायपुर में व्यावसायिक, आवासीय एवं संस्थागत परियोजनाओं को नई रफ्तार मिलेगी। इससे रोजगार और आर्थिक गतिविधियों पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ने की उम्मीद है।
राज्य सरकार का लक्ष्य नवा रायपुर को देश के प्रमुख नियोजित, आधुनिक और निवेश-अनुकूल शहरों में शामिल करना है।
Nava Raipur OTS Scheme 2026 नवा रायपुर अटल नगर के विकास को नई गति देने वाला महत्वपूर्ण निर्णय है। ब्याज एवं अधिभार में राहत, लंबित मामलों का समाधान, भूमि समर्पण का विकल्प और 31 मार्च 2027 तक आवेदन की सुविधा इस योजना को निवेशकों के लिए आकर्षक बनाती है। Nava Raipur OTS Scheme 2026 से न केवल रुकी हुई परियोजनाओं को गति मिलेगी, बल्कि नवा रायपुर को आधुनिक, व्यवस्थित और निवेश-अनुकूल शहर बनाने की दिशा में भी बड़ा कदम साबित होगा।
