Breaking News के रूप में पश्चिम एशिया से एक के बाद एक चौंकाने वाली खबरें आ रही हैं। अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर हमले के ठीक एक महीने बाद, इस युद्ध में एक नया और खतरनाक मोर्चा खुल गया है। यमन स्थित ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों ने इजरायल पर बैलिस्टिक मिसाइल दागी, जबकि ईरान ने सऊदी अरब में अमेरिकी सैनिकों को निशाना बनाया।
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Breaking News — पश्चिम एशिया में नया मोर्चा खुला
अमेरिका और इजरायल के ईरान पर हमले को एक महीना पूरा होते ही पश्चिम एशिया का युद्ध और भयावह रूप ले चुका है। अब यह संघर्ष सिर्फ ईरान और इजरायल तक सीमित नहीं रहा — बल्कि यमन, सऊदी अरब, दुबई, कुवैत और ओमान तक फैल गया है।
यह युद्ध अब एक बहुआयामी क्षेत्रीय संकट बन चुका है, जिसमें कई देश और मिलिशिया संगठन शामिल हो गए हैं।
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हूती हमला — इजरायल पर पहली बैलिस्टिक मिसाइल
शनिवार तड़के हुआ हमला
शनिवार तड़के यमन के हूती विद्रोहियों ने इजरायल के दक्षिणी हिस्से में स्थित “संवेदनशील सैन्य ठिकानों” को निशाना बनाते हुए बैलिस्टिक मिसाइलों की बौछार की। हूती सैन्य प्रवक्ता याह्या सारी ने इस हमले की पुष्टि करते हुए कहा कि यह इस युद्ध में उनका पहला ऐसा हमला था।
सारी ने शुक्रवार को एक अस्पष्ट बयान में संकेत दिया था कि हूती युद्ध में शामिल होंगे। उसके कुछ ही घंटों बाद मिसाइल हमला हो गया।
हमले जारी रहेंगे — हूती की धमकी
हूतियों ने साफ कहा है कि जब तक “आक्रमण बंद नहीं होता,” तब तक हमले जारी रहेंगे। इजरायल ने दावा किया कि उसने इस मिसाइल को इंटरसेप्ट कर लिया।
यह हूतियों का इजरायल के खिलाफ इस युद्ध में पहला प्रत्यक्ष बैलिस्टिक मिसाइल हमला है, जो इस संघर्ष को एक नए और खतरनाक स्तर पर ले जाता है।
ईरान का अमेरिकी ठिकानों पर बड़ा हमला — 12 US सैनिक घायल
Prince Sultan Airbase पर मिसाइल और ड्रोन अटैक
यह Breaking News इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि शुक्रवार को ईरान ने सऊदी अरब में स्थित Prince Sultan Airbase पर एक संयुक्त मिसाइल और ड्रोन हमला किया, जिसमें 12 अमेरिकी सैनिक घायल हो गए — दो की हालत गंभीर बताई गई।
यह बेस रियाद की राजधानी से लगभग 96 किलोमीटर दूर स्थित है। इसे Royal Saudi Air Force संचालित करती है, लेकिन इसका उपयोग अमेरिकी सैनिक भी करते हैं।
इस हफ्ते दो बार पहले भी हुआ था हमला
यह उसी हफ्ते का तीसरा हमला था। बेस को इससे पहले भी दो बार निशाना बनाया जा चुका था। इस संयुक्त ड्रोन और मिसाइल हमले को अमेरिकी वायु रक्षा प्रणाली की अब तक की सबसे गंभीर विफलताओं में से एक माना जा रहा है।
अब तक ईरान-अमेरिका युद्ध में 300 से अधिक अमेरिकी सैनिक घायल हो चुके हैं और 13 सैनिकों की मौत हो चुकी है।
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दुबई में भी ईरानी हमले का दावा — 500 से अधिक US सैनिक निशाने पर
ईरानी राज्य मीडिया Fars News Agency के अनुसार, ईरान ने दुबई में दो अमेरिकी सेना के “छुपे हुए ठिकानों” पर हमला किया। ईरानी सैन्य प्रवक्ता ने दावा किया कि इन ठिकानों पर 500 से अधिक अमेरिकी सैनिक मौजूद थे।
ईरान के अनुसार, ये सैनिक क्षेत्र के अपने बेस पर हुई स्ट्राइक के बाद इन छुपे हुए स्थानों पर आ गए थे। हालांकि अमेरिका या UAE ने इस दावे की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
Breaking News — Bushehr परमाणु संयंत्र पर खतरा, 10 दिनों में तीसरा हमला
रूस ने जताई गंभीर चिंता
ईरान के Bushehr परमाणु ऊर्जा संयंत्र के पास 10 दिनों में तीसरी बार हमला हुआ। रूस की परमाणु ऊर्जा कंपनी Rosatom के प्रमुख ने शनिवार को कहा कि ये हमले “परमाणु सुरक्षा के लिए सीधा खतरा” हैं।
अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) ने शुक्रवार को पुष्टि की कि ईरान ने उन्हें Bushehr के पास एक और हमले की सूचना दी है। रिएक्टर को कोई नुकसान नहीं हुआ और किसी भी रेडिएशन लीक की खबर नहीं है।
इजरायल ने किस पर हमला किया?
इजरायली सेना ने शुक्रवार को कहा कि उसने मध्य ईरान में एक Heavy Water Reactor और Uranium Processing Plant पर हमला किया। Bushehr का उल्लेख इजरायल ने नहीं किया।
Bushehr Plant दक्षिण-पश्चिमी ईरान में स्थित है और 2011 में ग्रिड से जुड़ा था। यह ईरान का इकलौता ऑपरेशनल न्यूक्लियर पावर रिएक्टर है।
रूस की निंदा
रूसी विदेश मंत्रालय ने शनिवार को Bushehr के पास हुए हमले की “स्पष्ट और दृढ़ निंदा” की मांग की। रूस ने चेतावनी दी है कि इस तरह के हमले अंतर्राष्ट्रीय परमाणु सुरक्षा नियमों का उल्लंघन हैं।
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Breaking News — इजरायल ने तेहरान में शुरू की नई बमबारी
नौसैनिक हथियार अनुसंधान केंद्र पर हमला
शनिवार को इजरायली सेना ने तेहरान में एक नए बमबारी अभियान की शुरुआत की। इजरायल ने कहा कि उसने ईरान की राजधानी में एक ऐसे औद्योगिक परिसर को निशाना बनाया जो नौसैनिक हथियारों के अनुसंधान और विकास में उपयोग होता था।
तेल अवीव में ईरानी मिसाइलें — एक की मौत
इजरायल ने यह भी रिपोर्ट किया कि ईरान की ओर से मिसाइलों की नई लहरें आईं, जिनमें तेल अवीव में कम से कम एक व्यक्ति की मौत हो गई। मध्य इजरायल के एक गांव पर सीधी मिसाइल स्ट्राइक में 11 लोग घायल हुए और एक विशाल गड्ढा बन गया।
यह घटना बताती है कि ईरान की मिसाइलें इजरायल की वायु रक्षा को भेदने में कुछ हद तक सफल हो रही हैं।
क्षेत्रीय विस्तार — कुवैत, ओमान, UAE भी चपेट में
कुवैत एयरपोर्ट और ओमान का बंदरगाह निशाने पर
शनिवार को ड्रोन हमलों ने कुवैत अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे के रडार को नुकसान पहुंचाया। साथ ही ओमान के प्रमुख बंदरगाह Salalah को भी ड्रोन हमले का निशाना बनाया गया।
UAE ने कहा कि उसकी सेना ईरान से आ रहे ड्रोन और मिसाइलों को इंटरसेप्ट कर रही है। सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने भी ड्रोन और मिसाइलों को इंटरसेप्ट करने की पुष्टि की, हालांकि उनके स्रोत का खुलासा नहीं किया।
यह स्थिति स्पष्ट करती है कि पश्चिम एशिया का यह युद्ध अब एक व्यापक क्षेत्रीय संघर्ष में तब्दील हो चुका है।
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Breaking News: युद्ध का दायरा बढ़ रहा है
यह Breaking News न सिर्फ पश्चिम एशिया बल्कि पूरी दुनिया के लिए एक गंभीर चेतावनी है। हूतियों का इजरायल पर पहला बैलिस्टिक मिसाइल हमला, ईरान द्वारा सऊदी में अमेरिकी सैनिकों को निशाना बनाना, Bushehr परमाणु संयंत्र के पास बार-बार के हमले और तेहरान में इजरायली बमबारी — ये सब मिलकर एक ऐसे युद्ध की तस्वीर पेश करते हैं जो नियंत्रण से बाहर होता जा रहा है।
300 से अधिक अमेरिकी सैनिकों के घायल होने और 13 की मौत के बाद यह संघर्ष अब केवल ईरान और इजरायल के बीच नहीं रहा। यह Breaking News हर उस भारतीय के लिए भी महत्वपूर्ण है जो खाड़ी देशों में काम करता है या जिसकी वहां आर्थिक हिस्सेदारी है।
