Skip to main content

4thnation

महाराष्ट्र में पहली गिलेन-बैरे सिंड्रोम (GBS) संदिग्ध मौत

पुणे: गिलेन-बैरे सिंड्रोम (GBS) के चलते पुणे के एक मरीज की मौत हो गई है, जो महाराष्ट्र में इस बीमारी से होने वाली पहली संदिग्ध मौत मानी जा रही है। यह घटना सोलापुर जिले की है, जहां मरीज अपने पैतृक गांव निजी काम के लिए गया हुआ था।

पुणे में अब तक GBS के 100 से अधिक मामले सामने आ चुके हैं।

ठंड, खांसी और सांस लेने में तकलीफ के बाद मौत

मृतक को 18 जनवरी को सोलापुर के एक निजी अस्पताल में ठंड, खांसी और सांस लेने में कठिनाई की शिकायत के बाद भर्ती कराया गया था। शुरुआत में उसे आईसीयू वार्ड में रखा गया, जहां कुछ सुधार के बाद उसे सामान्य वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया। लेकिन बाद में उसकी हालत फिर बिगड़ने लगी और उसे सांस लेने में गंभीर परेशानी होने लगी।

पुनः आईसीयू में भर्ती करने के बाद भी उसकी हालत में सुधार नहीं हुआ, और उसकी मृत्यु हो गई। मौत से पहले मृतक को हाथ-पैरों में लकवे (पैरालिसिस) की शिकायत भी हुई थी।

स्वास्थ्य विभाग की सतर्कता

GBS के लगातार बढ़ते मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने सतर्कता बढ़ा दी है। विशेषज्ञों का कहना है कि यह बीमारी न्यूरोलॉजिकल समस्या है, जिसमें इम्यून सिस्टम शरीर के नर्वस सिस्टम पर हमला करता है। यह बीमारी दुर्लभ है, लेकिन गंभीर हो सकती है।