Kavita Sahu cleaning robot: छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले की एक साधारण स्कूल छात्रा ने ऐसा असाधारण काम कर दिखाया है, जिसने पूरे देश का ध्यान खींच लिया है। कविता साहू, जो कक्षा 10वीं की छात्रा हैं, ने ऐसा रोबोट तैयार किया है जो मैनहोल और सीवरेज लाइन की सफाई खुद कर सकता है। इससे अब लोगों को जान जोखिम में डालकर सीवर में उतरने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
इस बेहतरीन नवाचार के लिए Kavita Sahu manhole cleaning robot प्रोजेक्ट को देश के टॉप-10 इनोवेटिव आइडियाज में जगह मिली है। इसी उपलब्धि पर कविता साहू को 26 जनवरी को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के साथ राष्ट्रपति भवन में डिनर का आमंत्रण मिला है।
🛠️ जान बचाने वाला रोबोट
कविता साहू द्वारा विकसित अंडरग्राउंड पाइप इंस्पेक्शन एंड क्लीनर रोबोट मैनहोल और सीवरेज पाइप के अंदर जाकर
- कचरा निकाल सकता है
- गंदगी साफ कर सकता है
- और अंदर की स्थिति की जांच कर सकता है
आज भी देश के कई हिस्सों में मजदूरों को सीवर में उतरकर जान जोखिम में डालनी पड़ती है। ऐसे में Kavita Sahu manhole cleaning robot एक क्रांतिकारी समाधान बनकर सामने आया है।
🏆 डेढ़ लाख आइडिया में बना टॉप-10
यह प्रोजेक्ट स्कूल इनोवेशन मैराथन के तहत चयनित हुआ, जो नीति आयोग के मार्गदर्शन में देशभर में आयोजित होती है।
इस प्रतियोगिता में:
- करीब 1.5 लाख छात्र-छात्राओं ने हिस्सा लिया
- पहले टॉप-1000, फिर टॉप-100 और अंत में देश के टॉप-10 प्रोजेक्ट्स चुने गए
इनमें कविता साहू का प्रोजेक्ट भी शामिल रहा।
🧑💻 बेंगलूरु में मिली खास ट्रेनिंग
टॉप-100 में चयन के बाद कविता साहू को
Dell Technologies और Learning Links Foundation के सहयोग से
बेंगलूरु में विशेष इंटर्नशिप दी गई। इससे उनके आइडिया को तकनीकी रूप से और मजबूत बनाया गया।
🧪 अटल टिंकरिंग लैब में बना मॉडल
इस प्रोजेक्ट पर कविता के साथ उनकी सहपाठी अंजलि चौहान ने भी काम किया।
यह मॉडल उनके स्कूल
शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, वैशाली नगर (दुर्ग)
की अटल टिंकरिंग लैब में तैयार किया गया।
शिक्षिका रीतू हांडा के मार्गदर्शन में छात्राओं ने इस रोबोट को साकार रूप दिया।
🇮🇳 छत्तीसगढ़ की बेटियों ने बढ़ाया देश का मान
आज कविता साहू सिर्फ अपने स्कूल या जिले की नहीं, बल्कि पूरे देश की प्रेरणा बन चुकी हैं। Kavita Sahu manhole cleaning robot यह साबित करता है कि अगर अवसर मिले, तो गांव और सरकारी स्कूल की बेटियां भी तकनीक से दुनिया बदल सकती हैं।
