Durg News में एक ऐसी दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है जिसने पूरे छत्तीसगढ़ को झकझोर कर रख दिया है। दुर्ग जिले के पाटन क्षेत्र में शुक्रवार, 10 अप्रैल 2026 को एक 5 वर्षीय मासूम बच्ची का अपहरण कर उसके साथ यौन उत्पीड़न किया गया।
इसके बाद आरोपी ने बच्ची को एक बोरे में बंद कर एक कुएं के पास फेंक दिया। बच्ची के मुंह में तकिए का कवर ठूंसा हुआ था।
गांव के दो युवकों की सतर्कता ने उस मासूम की जान बचाई। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए धनेश्वर साहू (35) को गिरफ्तार किया और POCSO Act 2012 के तहत मामला दर्ज किया।
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चॉकलेट का लालच देकर ले गया घर — कैसे हुई वारदात?
Durg News के अनुसार, यह घटना शुक्रवार दोपहर की है। 5 वर्षीय बच्ची स्कूल से घर लौटने के बाद चॉकलेट खरीदने के लिए पास की दुकान की ओर निकली थी।
इसी दौरान आरोपी धनेश्वर साहू, जो एक दिहाड़ी मजदूर है, ने बच्ची को चॉकलेट देने का लालच देकर अपने घर ले गया। मासूम बच्ची इस झांसे को समझ नहीं पाई।
घर ले जाने के बाद आरोपी ने उसके साथ यौन उत्पीड़न किया — यह कृत्य इंसानियत को शर्मसार करने वाला है। इसके बाद उसने बच्ची को बोरे में बंद कर कुएं के पास फेंक दिया।
बोरे में बंद मिली मासूम — गांव के युवकों ने बचाई जान
जब काफी देर तक बच्ची घर नहीं लौटी, तो परिवार के सदस्यों ने उसकी तलाश शुरू की। घंटों की खोज के बाद गांव के दो युवकों ने कुएं के पास एक बोरे में हलचल देखी।
बोरा खोलने पर उनके होश उड़ गए — अंदर वह मासूम बच्ची थी, जिसके मुंह में तकिए का कवर ठूंसा हुआ था। बच्ची बेहद कमजोर अवस्था में थी।
उन दोनों युवकों की सतर्कता ने एक मासूम की जान बचाई। यह Durg News की वह घटना है जो हर किसी की आंखें नम कर देती है।
उताई थाना पुलिस को मिली सूचना
बच्ची के मिलने की सूचना तुरंत उताई पुलिस थाने को दी गई। पुलिस की एक टीम मौके पर रवाना हुई और बच्ची को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया।
पुलिस अधिकारी एसडीओपी अनूप लाकड़ा ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस ने तुरंत कदम उठाए और स्थिति को नियंत्रण में लिया।
Durg News: POCSO में दर्ज हुआ मामला, आरोपी गिरफ्तार
Durg News में इस जघन्य अपराध के खिलाफ पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए POCSO Act 2012 (Protection of Children from Sexual Offences Act) के तहत मामला दर्ज किया।
आरोपी धनेश्वर साहू को उसी दिन गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तारी के समय वह नशे में धुत था।
एसडीओपी अनूप लाकड़ा ने शनिवार 11 अप्रैल 2026 को मीडिया को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मामले की गहन जांच जारी है।
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आरोपी धनेश्वर साहू — कौन है यह दरिंदा?
आरोपी धनेश्वर साहू की उम्र 35 वर्ष है। वह उसी गांव का निवासी है और पेशे से दिहाड़ी मजदूर है।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तारी के समय वह पूरी तरह नशे में था। उसके घर की तलाशी में कई महत्वपूर्ण साक्ष्य बरामद हुए, जो उसके अपराध को और पुख्ता करते हैं।
इस घटना ने यह भी सवाल उठाया है कि क्या एक बच्ची अपने ही गांव में सुरक्षित नहीं है? यह समाज और प्रशासन दोनों के लिए गंभीर चिंता का विषय है।
पुलिस की कार्रवाई और फोरेंसिक जांच
Durg News में पुलिस ने इस मामले में कई मोर्चों पर एकसाथ काम किया। आरोपी की गिरफ्तारी के बाद उसके घर की तलाशी में अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य बरामद किए गए।
फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल और आरोपी के घर से साक्ष्य संग्रह किया। इन साक्ष्यों की जांच रिपोर्ट आने के बाद मामला और मजबूत होगा।
एसडीओपी अनूप लाकड़ा ने बताया कि आगे की जांच जारी है और किसी भी पहलू को नज़रअंदाज नहीं किया जाएगा।
Durg News: गुस्साए ग्रामीणों ने थाने को घेरा, फांसी की मांग
इस Durg News की सबसे प्रभावशाली प्रतिक्रिया गांव के लोगों की ओर से आई। घटना की जानकारी फैलते ही सैकड़ों ग्रामीण भड़क उठे।
गुस्साई भीड़ ने स्थानीय पुलिस थाने को घेर लिया और आरोपी को फांसी देने की कड़ी मांग की। ग्रामीणों का आक्रोश पूरी तरह उचित था — उनकी ही बच्ची, उनके ही गांव में सुरक्षित नहीं थी।
पुलिस ने धैर्य और सूझबूझ से स्थिति को शांत किया और भीड़ को नियंत्रण में लाया। प्रशासन ने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि दोषी को कड़ी सजा दिलाई जाएगी।
बच्ची की स्थिति — अस्पताल में इलाज जारी
अस्पताल में भर्ती 5 वर्षीय पीड़िता की स्थिति शनिवार को स्थिर बताई गई है। एसडीओपी अनूप लाकड़ा ने पुष्टि की कि बच्ची को उचित चिकित्सा उपचार मिल रहा है।
इस मासूम बच्ची पर जो गुज़री वह शब्दों में बयान करना मुश्किल है। उसकी जल्द से जल्द रिकवरी और सुरक्षा सुनिश्चित करना अब पुलिस और प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
समाज की दुआएं और अदालत का न्याय — दोनों इस बच्ची के साथ होने चाहिए।
POCSO Act — क्या है कानून और क्या होगी सजा?
POCSO Act 2012 (Protection of Children from Sexual Offences Act) भारत का वह कानून है जो 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को यौन उत्पीड़न से सुरक्षा प्रदान करता है।
इस कानून के तहत अपराध की गंभीरता के आधार पर 7 साल से लेकर आजीवन कारावास तक की सजा का प्रावधान है। गंभीर मामलों में मृत्युदंड भी दिया जा सकता है।
Durg News के इस मामले में POCSO की कड़ी धाराएं लगाई गई हैं। पीड़ित बच्ची की उम्र और अपराध की गंभीरता को देखते हुए अदालत से कठोरतम सजा की उम्मीद की जा रही है।
Durg News की यह घटना सिर्फ एक अपराध की खबर नहीं है — यह समाज की अंतरात्मा को झकझोरने वाला आह्वान है। एक 5 वर्षीय मासूम के साथ जो हुआ, वह किसी भी सभ्य समाज के लिए अस्वीकार्य है।
आरोपी धनेश्वर साहू की गिरफ्तारी और POCSO में मामला दर्ज होना न्याय की दिशा में पहला कदम है। लेकिन असली न्याय तब होगा जब अदालत उसे कठोरतम सजा दे और यह संदेश जाए कि ऐसे अपराधों की कोई माफी नहीं।
Durg News पर हम इस मामले की हर अपडेट आप तक पहुंचाते रहेंगे। बच्चों की सुरक्षा हम सबकी जिम्मेदारी है — समाज को एकजुट होकर ऐसे दरिंदों के खिलाफ आवाज़ उठानी होगी।
