बेंगलुरु में ‘नंदिनी’ ब्रांड के नाम पर नकली घी का भंडाफोड़: ₹1.26 करोड़ की सामग्री जब्त, चार आरोपी गिरफ्तार

तमिलनाडु में तैयार हुआ, बेंगलुरु में बेचा गया और शहरभर में भरोसे के साथ इस्तेमाल किया गया — लेकिन असलियत कुछ और निकली। Nandini Fake Ghee Racket ने दक्षिण भारत के एक भरोसेमंद डेयरी ब्रांड की साख को झटका दिया है।

बेंगलुरु पुलिस ने एक बड़े अंतरराज्यीय मिलावट रैकेट का पर्दाफाश करते हुए चार लोगों को गिरफ्तार किया है, जो ‘नंदिनी’ ब्रांड के नाम पर नकली घी बाजार में बेच रहे थे।


कैसे सामने आया नकली घी का खेल?

‘नंदिनी’ ब्रांड, जो कर्नाटक को-ऑपरेटिव मिल्क प्रोड्यूसर्स फेडरेशन (KMF) के स्वामित्व में है, दक्षिण भारत में बेहद लोकप्रिय है। इसी भरोसे का फायदा उठाते हुए आरोपियों ने मिलावटी घी को असली पैकेट में भरकर बाजार में उतार दिया।

Nandini Fake Ghee Racket का खुलासा तब हुआ जब संदिग्ध सप्लाई पैटर्न ने आंतरिक जांच को जन्म दिया।

14 नवंबर को सेंट्रल क्राइम ब्रांच की विशेष जांच टीम और केएमएफ विजिलेंस विंग ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी की।


छापेमारी में क्या मिला?

चामराजपेट के नंजाम्बा अग्रहार स्थित कृष्णा एंटरप्राइजेज को सप्लाई हब माना जा रहा था। पुलिस ने गोदामों, दुकानों और वाहनों पर छापा मारा।

इस दौरान:

  • 8,136 लीटर मिलावटी घी (कीमत ₹56.95 लाख)
  • नकली घी बनाने की मशीनरी
  • मिलावट के लिए नारियल और पाम ऑयल
  • ₹1.19 लाख नकद
  • 5 मोबाइल फोन
  • 4 बोलेरो मालवाहक वाहन (लगभग ₹60 लाख मूल्य)

कुल मिलाकर ₹1.26 करोड़ की संपत्ति जब्त की गई।


क्या घी में मिलाया गया पशु वसा?

पुलिस ने कुछ नमूनों को फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) भेजा है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या घी में पशु वसा मिलाई गई थी।

प्रारंभिक जांच में निम्न गुणवत्ता के पाम ऑयल और नारियल तेल के उपयोग की पुष्टि हुई है।

Nandini Fake Ghee Racket में यह आशंका जताई जा रही है कि मिलावट लंबे समय से जारी थी।


कौन हैं गिरफ्तार आरोपी?

पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है:

  • महेंद्र (केएमएफ डिस्ट्रीब्यूटर)
  • दीपक (महेंद्र का पुत्र)
  • मुनिराजू
  • अभियारसु

इनके खिलाफ सेंट्रल क्राइम ब्रांच की विशेष जांच इकाई में मामला दर्ज किया गया है और आगे की जांच जारी है।


भरोसे पर चोट, जांच जारी

‘नंदिनी’ जैसे भरोसेमंद ब्रांड के नाम पर नकली घी बेचना केवल आर्थिक अपराध नहीं, बल्कि उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ भी है।

Nandini Fake Ghee Racket ने यह दिखा दिया कि मिलावटखोर किस तरह लोकप्रिय ब्रांड की पैकेजिंग का दुरुपयोग कर बाजार में घुसपैठ कर लेते हैं।

पुलिस का मानना है कि जांच आगे बढ़ने पर इस नेटवर्क से जुड़े और लोगों का खुलासा हो सकता है।


उपभोक्ताओं के लिए सतर्क रहने का संदेश

यह मामला उपभोक्ताओं को भी सतर्क रहने का संदेश देता है। हमेशा अधिकृत विक्रेताओं से ही उत्पाद खरीदें और संदिग्ध पैकेजिंग या असामान्य कीमत पर ध्यान दें।

फिलहाल, Nandini Fake Ghee Racket की जांच जारी है और एफएसएल रिपोर्ट के बाद मिलावट की पूरी सच्चाई सामने आएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *