रायपुर, 14 फरवरी 2026। धमतरी में हुए दर्दनाक सड़क हादसे ने पूरे प्रदेश को शोक में डुबो दिया है। इस हादसे में कोबरा बटालियन के वीर जवानों का असामयिक निधन हो गया। धमतरी सड़क हादसा कोबरा बटालियन जवानों के लिए एक ऐसी त्रासदी बन गया, जिसने हर संवेदनशील नागरिक को झकझोर कर रख दिया है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस दुखद घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रसेवा में समर्पित इन जांबाज जवानों का निधन अत्यंत हृदयविदारक है और यह क्षति अपूरणीय है।
राष्ट्रसेवा में समर्पित थे वीर जवान
धमतरी सड़क हादसा कोबरा बटालियन जवानों की शहादत केवल एक दुर्घटना नहीं, बल्कि देश की सुरक्षा व्यवस्था के लिए एक बड़ी क्षति है। मुख्यमंत्री ने अपने शोक संदेश में कहा कि देश की आंतरिक सुरक्षा और शांति व्यवस्था बनाए रखने में कोबरा बटालियन के जवानों की भूमिका सदैव महत्वपूर्ण रही है।
उन्होंने दिवंगत जवानों को विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि प्रदेश उनके योगदान को कभी नहीं भूल पाएगा। सचमुच, वर्दी में हर जवान केवल एक सैनिक नहीं, बल्कि किसी परिवार की उम्मीद और सहारा होता है।
शोकाकुल परिवारों के साथ खड़ी है राज्य सरकार
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने शोक संतप्त परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने स्पष्ट कहा कि इस दुख की घड़ी में राज्य सरकार पूरी संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता के साथ प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है।
धमतरी सड़क हादसा कोबरा बटालियन जवानों के संदर्भ में उन्होंने भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार हर आवश्यक सहयोग प्रदान करेगी। साथ ही, संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि घायल जवान के समुचित उपचार की व्यवस्था तत्काल सुनिश्चित की जाए।
घायल जवान के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना
मुख्यमंत्री ने ईश्वर से दिवंगत आत्माओं की शांति तथा घायल जवान के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की प्रार्थना की। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि घायल जवान को सर्वोत्तम चिकित्सा सुविधा मिले।
यह धमतरी सड़क हादसा कोबरा बटालियन जवानों की बहादुरी और समर्पण की याद दिलाता है। प्रदेश आज अपने इन सपूतों को नम आंखों से श्रद्धांजलि दे रहा है।
प्रदेश में शोक की लहर
धमतरी सड़क हादसा कोबरा बटालियन जवानों के निधन की खबर फैलते ही प्रदेशभर में शोक की लहर दौड़ गई। सुरक्षा बलों और प्रशासनिक अधिकारियों ने भी श्रद्धांजलि अर्पित की।
निश्चित रूप से, यह क्षति केवल परिवारों की नहीं, बल्कि पूरे राज्य और देश की है। ऐसे वीर जवानों का बलिदान सदैव स्मरणीय रहेगा।
