रायपुर, 12 फरवरी 2026।
नारायणपुर में आयोजित Narayanpur Mata Mavli Mela 2026 इस वर्ष आस्था, लोकसंस्कृति और विकास की नई मिसाल बनकर उभरा। ऐतिहासिक माता मावली मेले में छत्तीसगढ़ शासन के वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री श्री केदार कश्यप तथा राजस्व एवं उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंकराम वर्मा शामिल हुए।
दोनों मंत्रियों ने माता मावली की विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों, विशेषकर नारायणपुर जिले के नागरिकों को शुभकामनाएं दीं।
बस्तर की लोकसंस्कृति का जीवंत उत्सव
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री श्री केदार कश्यप ने कहा कि माता मावली के आशीर्वाद से बस्तर की समृद्ध लोकसंस्कृति और परंपराएं सदैव अक्षुण्ण रहें। उन्होंने बताया कि Narayanpur Mata Mavli Mela 2026 सामाजिक समरसता, लोककला और परंपरा का जीवंत संगम है।
मेले में दूर-दूर से पहुंचे श्रद्धालुओं और पर्यटकों ने बस्तर की सांस्कृतिक विरासत को करीब से देखा और महसूस किया। मंत्री श्री कश्यप ने सभी नागरिकों से मेले में शामिल होकर सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आनंद लेने का आग्रह किया।
स्थानीय अर्थव्यवस्था को मिला बढ़ावा
मंत्री द्वय ने मेले में लगे विभिन्न दुकानों और विभागीय स्टॉलों का अवलोकन किया। उन्होंने स्थानीय उत्पादों और पूजा सामग्री की खरीदारी भी की।
उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन केवल धार्मिक आस्था तक सीमित नहीं होते, बल्कि स्थानीय व्यापार और अर्थव्यवस्था को भी मजबूती प्रदान करते हैं। Narayanpur Mata Mavli Mela 2026 ने इस बार भी छोटे व्यापारियों और स्व-सहायता समूहों के लिए नए अवसर खोले हैं।
1.76 करोड़ रुपये के विकास कार्यों का भूमिपूजन
मेले के अवसर पर विकास कार्यों की भी सौगात दी गई। कुल 1 करोड़ 76 लाख 59 हजार रुपये के कार्यों का भूमिपूजन किया गया।
मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुरूप:
- 10 प्राथमिक शाला भवनों के निर्माण हेतु भूमिपूजन
- स्वीकृत राशि: 1 करोड़ 41 लाख 60 हजार रुपये
इसके अतिरिक्त:
- जनपद पंचायत ओरछा के ग्राम कुतुल और जाटलूर में दो-दो बाजार शेड निर्माण
- स्वीकृत राशि: 34 लाख 99 हजार रुपये
इन कार्यों से ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा और बाजार सुविधाएं बेहतर होंगी।
59.51 लाख रुपये के कार्यों का लोकार्पण
Narayanpur Mata Mavli Mela 2026 के दौरान 59 लाख 51 हजार रुपये की लागत से निर्मित कार्यों का लोकार्पण भी किया गया।
जनपद पंचायत नारायणपुर अंतर्गत:
- बागडोंगरी
- पालकी
- महिमागवाड़ी
में खाद्यान्न भवनों का उद्घाटन हुआ।
साथ ही नेलवाड़ और खोड़गांव में 100-100 मैट्रिक टन क्षमता वाले गोदामों का भी लोकार्पण किया गया। इससे भंडारण क्षमता में वृद्धि होगी और किसानों को सीधा लाभ मिलेगा।
जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की उपस्थिति
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज संघ के अध्यक्ष रूपसाय सलाम, जिला पंचायत अध्यक्ष नारायण मरकाम, नगरपालिका अध्यक्ष इंद्रप्रसाद बघेल, कलेक्टर नम्रता जैन, पुलिस अधीक्षक सहित कई जनप्रतिनिधि और प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। बड़ी संख्या में नागरिकों ने भी कार्यक्रम में भाग लिया।
आस्था के साथ विकास का संदेश
Narayanpur Mata Mavli Mela 2026 केवल धार्मिक उत्सव नहीं, बल्कि विकास और सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक बनकर सामने आया है। जहां एक ओर श्रद्धालुओं ने माता का आशीर्वाद लिया, वहीं दूसरी ओर क्षेत्र को करोड़ों रुपये की विकास योजनाओं की सौगात मिली।
स्पष्ट है कि बस्तर की परंपराओं को संजोते हुए विकास की धारा को आगे बढ़ाने का प्रयास निरंतर जारी है।
