दुर्ग। Durg Urla Threat Case में थाना सिटी कोतवाली दुर्ग पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया है। आरोपी पर घर के बाहर खड़े होकर गाली-गलौज करने, मारपीट करने तथा दुष्कर्म और जान से मारने की धमकी देने का आरोप है।
यह घटना उरला क्षेत्र स्थित प्रार्थिया के निवास स्थान की है, जिसने साहस दिखाते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
घर के बाहर दी गई थी गंभीर धमकी
प्रार्थिया ने 26 जनवरी 2026 को थाना सिटी कोतवाली दुर्ग में लिखित आवेदन प्रस्तुत किया। उसने बताया कि 25 जनवरी 2026 की रात लगभग 10:30 बजे आरोपी उसके घर के बाहर आकर नाम लेकर अश्लील गाली-गलौज करने लगा।
जब प्रार्थिया ने विरोध किया, तो आरोपी ने मारपीट की और जान से मारने तथा दुष्कर्म की धमकी दी। इस घटना से पीड़िता और उसके परिवार में भय का माहौल बन गया।
BNS की धाराओं में मामला दर्ज
Durg Urla Threat Case में पुलिस ने अपराध क्रमांक 49/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 75(1)(4), 296 और 351(3) के अंतर्गत मामला दर्ज किया।
मामला दर्ज होते ही पुलिस ने आरोपी की तलाश शुरू कर दी। लगातार पतासाजी के बाद 11 फरवरी 2026 को आरोपी को अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की गई। इसके पश्चात उसे विधिवत गिरफ्तार कर शाम 4 बजे न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
आरोपी का विवरण
आरोपी का नाम:
शिवम चन्द्राकर, उम्र 26 वर्ष
निवासी – उरला राम नगर, दुर्ग
थाना – मोहन नगर, जिला दुर्ग (छत्तीसगढ़)
प्रकरण में किसी प्रकार की भौतिक जप्ती नहीं की गई है।
पुलिस की सक्रिय भूमिका
Durg Urla Threat Case में थाना सिटी कोतवाली दुर्ग के पुलिस अधिकारियों और स्टाफ ने सतत पतासाजी कर आरोपी को गिरफ्तार करने में सक्रिय भूमिका निभाई। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से क्षेत्र में कानून व्यवस्था को लेकर विश्वास मजबूत हुआ है।
दुर्ग पुलिस की अपील
दुर्ग पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि महिलाओं के विरुद्ध किसी भी प्रकार की आपराधिक गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें। कानून व्यवस्था भंग करने वालों के खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
महिलाओं की सुरक्षा सर्वोपरि
Durg Urla Threat Case यह संदेश देता है कि महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार, धमकी या उत्पीड़न करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। समय पर शिकायत दर्ज कराना ही न्याय की दिशा में पहला कदम है।
