Karnataka bus accident ने गुरुवार तड़के पूरे देश को झकझोर कर रख दिया।
कर्नाटक के चित्रदुर्गा जिले में नेशनल हाईवे-48 पर एक तेज रफ्तार कंटेनर ट्रक ने लग्जरी स्लीपर बस को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि बस आग के गोले में बदल गई और 11 से अधिक यात्रियों की दर्दनाक मौत हो गई।
🔥 बस में लगी आग, कई यात्री जिंदा जले
पुलिस के अनुसार, बस में कुल 32 यात्री सवार थे और वह बेंगलुरु से गोकार्णा जा रही थी।
टक्कर के तुरंत बाद बस में आग लग गई और अधिकतर मृतक बस के अंदर ही फंस गए।
पूर्वी जोन के आईजीपी रविकांते गौड़ा ने बताया कि
“टक्कर के बाद बस पूरी तरह आग की चपेट में आ गई। अधिकांश मृतक जिंदा जल गए।”
🚛 ट्रक चालक की लापरवाही बनी हादसे की वजह
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि ट्रक चालक ने डिवाइडर पार कर नियंत्रण खो दिया, जिससे सामने से आ रही बस से सीधी टक्कर हो गई।
हादसे में ट्रक चालक और उसका क्लीनर भी मारे गए।
🗣️ बस चालक की आपबीती
घायल बस चालक रफीक ने बताया कि ट्रक बेहद तेज रफ्तार में था।
उन्होंने कहा,
“मैं 60-70 की स्पीड में था। ट्रक अचानक डिवाइडर पार कर सामने आ गया। मैंने बस संभालने की कोशिश की, लेकिन टक्कर हो गई।”
बस का क्लीनर मोहम्मद सादिक भी घायल हुआ है, जिसे हल्की चोटें आई हैं।
🕯️ नेताओं ने जताया शोक
इस हृदयविदारक Karnataka bus accident पर कई नेताओं ने गहरा दुख जताया।
- मंत्री सतीश जारकीहोली ने कहा कि यह हादसा बेहद पीड़ादायक है
- मंत्री लक्ष्मी हेब्बालकर ने मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की
- केंद्रीय मंत्री एच.डी. कुमारस्वामी ने हादसे को “बेहद दुखद” बताते हुए घायलों के बेहतर इलाज के निर्देश देने की अपील की
⚠️ NH-48 पर फिर उठा सुरक्षा का सवाल
यह हादसा एक बार फिर हाईवे पर तेज रफ्तार और लापरवाही को लेकर सवाल खड़े करता है।
NH-48 देश के सबसे व्यस्त मार्गों में से एक है, जो बेंगलुरु को पुणे और मुंबई से जोड़ता है।
Karnataka bus accident सिर्फ एक सड़क दुर्घटना नहीं, बल्कि कई परिवारों के लिए जीवन भर का दर्द बन गया है।
अब जरूरत है कि प्रशासन सख्त कदम उठाए ताकि ऐसी त्रासदियां दोहराई न जाएं।
