Kerala mob lynching: केरल के पलक्कड़ जिले के वालायार स्थित अट्टापल्लम में एक प्रवासी मजदूर की बेरहमी से पीट-पीटकर हत्या ने पूरे राज्य को झकझोर कर रख दिया है। इस जघन्य घटना में छत्तीसगढ़ के रहने वाले राम नारायण की मौत हो गई। मामले को लेकर मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने पीड़ित परिवार को न्याय का भरोसा दिलाया है और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
मुख्यमंत्री ने सोमवार को जारी बयान में कहा कि इस घटना की जांच के लिए पलक्कड़ के पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में विशेष जांच टीम (SIT) गठित की गई है, जिसे मामले के हर पहलू की गहन जांच करने और कानून के तहत सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
⚖️ पीड़ित परिवार को मुआवजा देने पर भी विचार
मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने कहा कि राज्य सरकार इस मामले पर गंभीरता से विचार कर रही है और पीड़ित परिवार को उपयुक्त मुआवजा देने की प्रक्रिया भी सुनिश्चित की जाएगी।
उन्होंने इस घटना को पूरी तरह अस्वीकार्य बताते हुए कहा कि इस तरह की हिंसा केरल जैसे प्रगतिशील राज्य की छवि को धूमिल करती है।
🩸 रिमांड रिपोर्ट में सामने आई दिल दहला देने वाली सच्चाई
इस मामले में जब रिमांड रिपोर्ट सामने आई, तो उसमें दर्ज विवरण बेहद भयावह हैं। रिपोर्ट के अनुसार—
- आरोपियों ने जान से मारने की नीयत से हमला किया
- राम नारायण को कई घंटों तक लगातार पीटा गया
- शरीर पर 40 से अधिक गंभीर चोटों के निशान मिले
- सिर में गहरी चोटें, अत्यधिक रक्तस्राव और कई गंभीर घाव मौत की वजह बने
पोस्टमार्टम से पहले की मेडिकल जांच में यह साफ हुआ कि यह कोई एक बार का हमला नहीं, बल्कि लंबे समय तक की गई यातना थी।
🔨 लाठियों से पिटाई, जमीन पर घसीटा गया
जांच एजेंसियों के मुताबिक—
- भारी लकड़ी के डंडों से राम नारायण को पीटा गया
- उन्हें जमीन पर पटककर लात-घूंसे मारे गए
- शरीर पर खींचे जाने के निशान मिले
- एक्स-रे रिपोर्ट से पुष्टि हुई कि चेहरे और पीठ पर पैर रखकर कुचला गया
रिपोर्ट में यह भी दर्ज है कि जो लोग बीच-बचाव करने पहुंचे, उन्हें धमकाकर भगा दिया गया।
🗣️ ‘बांग्लादेशी’ बताकर बनाया गया निशाना: मंत्री का आरोप
स्थानीय स्वशासन मंत्री एम.बी. राजेश, जो पलक्कड़ से ही आते हैं, ने इस हमले को नफरत की राजनीति से प्रेरित बताया है।
उन्होंने आरोप लगाया कि राम नारायण को “बांग्लादेशी” बताकर निशाना बनाया गया, जो बेहद गंभीर और चिंताजनक है।
मंत्री ने कहा कि सरकार पीड़ित परिवार के साथ मजबूती से खड़ी है और आरोपियों को अधिकतम सजा दिलाने के लिए हर जरूरी कदम उठाए जाएंगे।
🚔 अब तक 5 आरोपी गिरफ्तार, जांच जारी
पुलिस ने अब तक इस मामले में 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। सभी आरोपियों के खिलाफ पहले से आपराधिक रिकॉर्ड होने की जानकारी सामने आई है।
पुलिस का कहना है कि मामले में और भी लोग शामिल हो सकते हैं और अन्य संदिग्धों की तलाश जारी है।
