महासमुंद में करोड़ों की चोरी का खुलासा: रिश्तेदारों के घर ही बनाता था निशाना, 93 लाख का सोना-चांदी बरामद

Mahasamund theft case: Chhattisgarh Police ने महासमुंद जिले में करोड़ों रुपये की चोरी और डकैती के एक चौंकाने वाले मामले का खुलासा करते हुए 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 93 लाख 33 हजार 104 रुपये मूल्य का सोना और चांदी बरामद किया है। इस मामले ने इसलिए सभी को हैरान कर दिया, क्योंकि चोरी का मास्टरमाइंड अपने ही रिश्तेदारों के घरों को निशाना बनाता था।


🔍 रिश्तेदारों के घर ही करता था रैकी, वही बना चोरी का अड्डा

इस Mahasamund theft case Chhattisgarh में मुख्य आरोपी का नाम कान्हा उर्फ हेमंत अग्रवाल है। उसने अपनी सगी बड़ी बहन और चाचा के घर में ही चोरी की वारदात को अंजाम दिया। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी परिवार की गतिविधियों से पूरी तरह वाकिफ था और इसी भरोसे का फायदा उठाकर चोरी करता था।


🏠 चाचा के घर शादी के मौके पर दिया वारदात को अंजाम

रायपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक अमरेश मिश्रा ने बताया कि बल्दीडीह निवासी पीड़ित योगेश अग्रवाल 4 दिसंबर 2025 को अपने परिवार के साथ शादी समारोह में रायपुर गए थे।
अगली सुबह जब वे घर लौटे, तो दोनों बेडरूम की अलमारियां खुली मिलीं। घर से—

  • 4 से 5 लाख रुपये नकद
  • भारी मात्रा में सोने-चांदी के जेवर

गायब थे। इस पर थाना सांकरा में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया।


🚔 साइबर सेल की मदद से 5 आरोपी गिरफ्तार

शिकायत के बाद थाना सांकरा पुलिस और सायबर सेल की टीमों ने जांच शुरू की। इसी दौरान सूचना मिली कि शुभम साहू चोरी के जेवर बेचने की फिराक में है। पुलिस ने उसे पकड़ा और सख्त पूछताछ में पूरे गिरोह का पर्दाफाश हो गया।

गिरफ्तार आरोपी हैं—

  • कान्हा उर्फ हेमंत अग्रवाल
  • शुभम साहू
  • योगेश साहू
  • दीपक चंद्रवंशी
  • टाइगर उर्फ मुकुंद सेठ
  • (जेवर खपाने वाला) रौनक उर्फ भूपेन्द्र सलूजा

💰 93.33 लाख की ज्वेलरी और वाहन जब्त

पुलिस ने अलग-अलग आरोपियों के कब्जे से बड़ी मात्रा में सोना और चांदी बरामद की—

  • कुल सोना और चांदी की कीमत: ₹93,33,104
  • घटना में प्रयुक्त वाहन:
    • टाटा Nexon कार
    • मारुति Swift
    • Yamaha मोटरसाइकिल

इसके अलावा आरोपी ने यह भी कबूल किया कि उसने पहले भी अपनी सगी बहन के ससुराल में चोरी की थी।


⚖️ पुलिस की सख्ती से टूटा चोरी का नेटवर्क

महासमुंद पुलिस की इस कार्रवाई से न सिर्फ एक बड़े चोरी गिरोह का भंडाफोड़ हुआ है, बल्कि यह भी साफ संदेश गया है कि कानून से ऊपर कोई नहीं, चाहे आरोपी रिश्तेदार ही क्यों न हो।


🔚 निष्कर्ष

Mahasamund theft case Chhattisgarh पुलिस की सतर्कता, तकनीकी जांच और टीमवर्क का उदाहरण है। यह मामला समाज के लिए चेतावनी भी है कि अपराध में रिश्ते नहीं देखे जाते, लेकिन कानून हर कदम पर मौजूद रहता है।

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