CG सिटी वेटलैंड को अब वैज्ञानिक तरीके से संरक्षित किया जाएगा।
CG City Wetland Biodiversity Mapping के तहत यहां पाए जाने वाले पेड़-पौधों, पक्षियों, जलीय जीवों और अन्य वन्य प्रजातियों की एक विस्तृत सूची तैयार की जाएगी।
यह निर्णय लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) के उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार की अध्यक्षता में हुई समीक्षा बैठक में लिया गया।
🌿 37 एकड़ में फैला प्राकृतिक खजाना
इकाना स्टेडियम के पीछे करीब 37 एकड़ में फैला CG सिटी वेटलैंड आज सिर्फ एक जलाशय नहीं, बल्कि एक उभरता हुआ इको-टूरिज्म हॉटस्पॉट बन चुका है।
यहां देशी और प्रवासी पक्षियों की कई प्रजातियां देखी जाती हैं, जो इसे जैव विविधता का महत्वपूर्ण केंद्र बनाती हैं।
📋 हर जीव-जंतु और पौधे का बनेगा रिकॉर्ड
CG City Wetland Biodiversity Mapping के तहत:
- सभी पेड़ और पौधों की पहचान होगी
- पक्षियों और जलीय जीवों की सूची बनेगी
- पूरे क्षेत्र की जैविक संरचना दर्ज की जाएगी
यह डेटा भविष्य की संरक्षण योजनाओं के लिए आधार बनेगा।
💧 पानी की गुणवत्ता और सफाई पर भी निगरानी
LDA के अनुसार, गोमती टास्क फोर्स और Turtle Survival Alliance की मदद से पहले ही:
- वेटलैंड की सफाई
- पानी की गुणवत्ता जांच
- प्राकृतिक जल प्रवाह की निगरानी
का काम चल रहा है।
🚫 अतिक्रमण रोकने के लिए सीमा तय होगी
वेटलैंड की सुरक्षा के लिए जमीन का डिमार्केशन भी किया जाएगा।
राजस्व रिकॉर्ड की जांच के बाद मौके पर सीमाएं चिन्हित होंगी, ताकि कोई अतिक्रमण न कर सके।

👨🔬 दो विशेषज्ञ करेंगे नियमित निगरानी
वन विभाग के माध्यम से दो विशेषज्ञ तैनात किए जाएंगे। ये विशेषज्ञ:
- कचरा प्रबंधन
- पानी की शुद्धता
- पारिस्थितिक संतुलन
- प्राकृतिक जल प्रवाह
पर नियमित नजर रखेंगे।
🌏 CG सिटी वेटलैंड बनेगा संरक्षण का मॉडल
CG City Wetland Biodiversity Mapping से यह इलाका सिर्फ सुरक्षित ही नहीं, बल्कि एक आदर्श पर्यावरणीय मॉडल भी बनेगा।
यह कदम आने वाली पीढ़ियों के लिए हरियाली, पक्षियों की चहचहाहट और स्वच्छ जल को बचाने की दिशा में बड़ा प्रयास है।
