नक्सलवाद के अंत के बाद बस्तर के लिए बनेगा 3 साल का मिशन मोड विकास प्लान, CM विष्णुदेव साय का बड़ा ऐलान

Bastar Development Plan: छत्तीसगढ़ का बस्तर अंचल, जो वर्षों तक नक्सलवाद की छाया में रहा, अब शांति और विकास की ओर तेज़ी से बढ़ रहा है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में स्पष्ट किया कि Bastar Development Plan के तहत अगले तीन वर्षों में बस्तर का सर्वांगीण और संतुलित विकास किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में नक्सलवाद अपने अंतिम चरण में है। अब सरकार की प्राथमिकता है कि शांति को स्थायी बनाते हुए विकास की रोशनी हर गांव तक पहुँचे।


🚀 मिशन मोड में लागू होगा Bastar Development Plan

मुख्यमंत्री श्री साय ने बताया कि बस्तर के लिए एक तीन साल का एक्शन प्लान तैयार किया जाएगा, जिसे मिशन मोड में लागू किया जाएगा। राज्य और केंद्र सरकार मिलकर शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, सड़क, बिजली और पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं पर तेज़ी से काम करेंगी।

सभी विभागों को आपसी समन्वय से काम करने के निर्देश दिए गए हैं। सचिवों को नियमित रूप से बस्तर दौरे पर जाकर योजनाओं की जमीनी प्रगति की समीक्षा करने को कहा गया है।


💧⚡📱 पेयजल, बिजली और मोबाइल नेटवर्क पर जोर

मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से फ्लोराइड प्रभावित क्षेत्रों में सतही जल से पानी पहुंचाने, शेष गांवों में बिजली पहुंचाने और दूरस्थ इलाकों में मोबाइल टावर लगाने के निर्देश दिए।
इसके साथ ही आधार कार्ड निर्माण और बच्चों के लिए 100% कवरेज सुनिश्चित करने पर भी बल दिया गया।


🏫🏥 शिक्षा और स्वास्थ्य में बड़े फैसले

Bastar Development Plan के तहत:

  • भवन विहीन स्कूलों को भवन
  • नवोदय और पीएमश्री स्कूलों का विस्तार
  • मेडिकल कॉलेज और स्वास्थ्य अधोसंरचना मजबूत
  • बाइक एम्बुलेंस और पीएम-अभीम योजना का विस्तार

जैसे कदम उठाए जाएंगे ताकि ग्रामीणों को शहरों पर निर्भर न रहना पड़े।


🌄 पर्यटन से बदलेगी बस्तर की तस्वीर

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि बस्तर ओलंपिक और बस्तर पंडुम जैसे आयोजनों ने लोगों में विश्वास जगाया है।
अब होम-स्टे, बस्तर टूरिज्म कॉरिडोर, और स्थानीय युवाओं को टूरिस्ट गाइड के रूप में प्रशिक्षित कर रोज़गार से जोड़ा जाएगा। IITTM ग्वालियर से प्रशिक्षित 32 स्थानीय गाइडों की सराहना भी की गई।


🌱 वनधन, रोजगार और आत्मनिर्भरता

वनधन केंद्रों के जरिए लघु वनोपज के संग्रहण और प्रसंस्करण को बढ़ावा मिलेगा। इसके साथ ही ग्रामीण बस योजना, आंगनबाड़ी, सिंचाई और रोजगार योजनाओं को भी तेज़ किया जाएगा।


Bastar Development Plan केवल एक सरकारी योजना नहीं, बल्कि बस्तर के लोगों के लिए एक नई उम्मीद है। नक्सलवाद के साये से बाहर निकलकर अब यह क्षेत्र शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यटन और रोजगार के रास्ते पर आगे बढ़ रहा है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की यह पहल बस्तर को छत्तीसगढ़ के विकास का चमकता केंद्र बना सकती है।

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