रायपुर | नई दिल्ली
Chhattisgarh Tableau: आगामी गणतंत्र दिवस समारोह में नई दिल्ली के कर्तव्य पथ पर छत्तीसगढ़ की झांकी देशभर के दर्शकों के लिए विशेष आकर्षण बनने जा रही है।
इस वर्ष छत्तीसगढ़ की झांकी में जनजातीय वीर नायकों को समर्पित देश के पहले डिजिटल संग्रहालय की भव्य और भावनात्मक झलक प्रस्तुत की जाएगी।
रक्षा मंत्रालय की विशेषज्ञ समिति ने गणतंत्र दिवस के मुख्य समारोह के लिए छत्तीसगढ़ की झांकी का चयन किया है।
🏛️ नवा रायपुर का डिजिटल संग्रहालय बनेगा झांकी की पहचान
यह डिजिटल संग्रहालय नवा रायपुर अटल नगर में स्थित है, जिसका लोकार्पण
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छत्तीसगढ़ स्थापना की रजत जयंती के अवसर पर किया था।
अब यही संग्रहालय छत्तीसगढ़ की झांकी के माध्यम से राष्ट्रीय मंच पर देशवासियों के सामने प्रस्तुत होगा।
🇮🇳 आदिवासी समाज की वीरता और बलिदान की गाथा
झांकी के चयन पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए कहा—
“छत्तीसगढ़ की झांकी के जरिए देशभर के नागरिक
आदिवासी समाज की अटूट देशभक्ति, अनुपम वीरता
और अपने सिद्धांतों के लिए दिए गए बलिदानों की गौरवशाली परंपरा को देख सकेंगे।”
उन्होंने इसे पूरे राज्य के लिए गर्व और उत्साह का विषय बताया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह झांकी केवल एक प्रदर्शन नहीं, बल्कि
आदिवासी समाज के योगदान के प्रति राष्ट्र की कृतज्ञता और सम्मान का प्रतीक है, जो नई पीढ़ी को प्रेरणा देगी।
⏳ चार महीने चली कठिन चयन प्रक्रिया
जनसंपर्क विभाग के सचिव रोहित यादव ने बताया कि—
- सभी राज्यों ने अपनी झांकियों के प्रस्ताव रक्षा मंत्रालय को भेजे थे
- लगभग चार महीने तक चली कठोर और विस्तृत चयन प्रक्रिया के बाद
- 17 राज्यों की झांकियों को अंतिम रूप से चुना गया
इनमें छत्तीसगढ़ की झांकी भी शामिल है।
विशेषज्ञ समिति ने झांकी की विषयवस्तु, प्रस्तुति शैली और अभिनव डिज़ाइन की विशेष प्रशंसा की।
🌿 ‘वंदे मातरम्’ थीम पर आधारित झांकी
जनसंपर्क आयुक्त रवि मित्तल ने बताया कि छत्तीसगढ़ की झांकी
भारत सरकार की थीम – ‘स्वतंत्रता का मंत्र: वंदे मातरम्’ पर आधारित है।
इस झांकी में उन जनजातीय वीर नायकों के संघर्ष और अद्वितीय बलिदान को दर्शाया गया है,
जिनकी स्मृति में देश का पहला डिजिटल संग्रहालय स्थापित किया गया है।
यह संग्रहालय—
- जनजातीय आंदोलनों
- विद्रोहों
- और वीरगाथाओं
को रोचक, इंटरैक्टिव और प्रेरणादायक रूप में नई पीढ़ी तक पहुंचाने का कार्य कर रहा है।
✨ छत्तीसगढ़ के लिए राष्ट्रीय मंच पर गौरव
यह चयन—
- छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत का
- राष्ट्रीय स्तर पर गौरवपूर्ण प्रतिनिधित्व है
- साथ ही आदिवासी समाज के योगदान को उचित सम्मान देने का सशक्त माध्यम भी है
